केरल से कांग्रेस के सांसद ने हिंदी में शपथ लेकर सभी को चौंकाया
केरल से कांग्रेस के सांसद कोडिकुन्निल सुरेश ने सोमवार को हिंदी में शपथ लेकर सभी को चौंका दिया था और उनके इस कदम की कई सांसदों ने मेज थपथपाकर तारीफ की थी | लेकिन तब वे मुसीबत में घिर गए जब उनके इस कदम पर यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी ने उन्हें तलब कर लिया और जमकर झाड़ लगाई | ख़बर है कि सुरेश के इस कदम के बाद केरल से चुने गए सभी कांग्रेस सांसदों को सोनिया गांधी ने मलयालम में शपथ लेने की हिदायत भी दी | सुरेश, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बाद शपथ लेने वाले दूसरे सदस्य थे | उन्होंने शपथ लेने के बाद प्रधानमंत्री को दूसरे कार्यकाल के लिए बधाई भी दी थी | उन्हें संसद के प्रोटेम स्पीकर वीरेंद्र सिंह ने शपथ दिलाई थी | सुरेश 17वीं लोकसभा में मावेलीकारा सीट से सांसद चुने गए हैं | मेज थपथपाने वाले सांसदों में खुद प्रधानमंत्री मोदी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी शामिल थे | इसके बाद केरल की वायनाड सीट से चुने गए राहुल गांधी ने अंग्रेजी में शपथ ली | डेक्कन क्रॉनिकल के अनुसार कोडिकुन्निल जब शपथ लेने के बाद वापस पहुंचे तो सोनिया गांधी ने उनसे इसका कारण पूछा था | इसके जवाब में कोडिकुन्निल ने मीडिया को बाहर निकलकर बताया - सोनिया गांधी ने पूछा था कि मैंने हिंदी में शपथ क्यों ली? मैंने पिछली बार अंग्रेजी में शपथ ली थी, तो इस बार मैंने सोचा कि कुछ बदलाव करते हुए हिंदी में शपथ लेते हैं | मातृभूमि वेबसाइट ने तो यह दावा भी किया है कि सोनिया के इस कदम के बाद केरल के आने वाले दो कांग्रेसी सांसदों राजमोहन उन्नीथन और वीके श्रीकांतन, जिन्होंने हिंदी में शपथ लेने का निश्चय कर लिया था, उन्होंने भी अपना विचार बदल लिया | कोडिकुन्निल सुरेश छठवीं बार सांसद बने हैं | वे एक गरीब परिवार में जन्मे थे और 1989 में पहली बार सांसद बने | 17वीं लोकसभा में वे केरल की मावेलीकारा सीट से चुने गए हैं | इससे पहले वे श्रम मंत्रालय में राज्यमंत्री का प्रभार संभाल चुके हैं | सितंबर 2018 में उन्हें केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी का कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया गया था | वे ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी के सचिव भी हैं |

