अजब-गजब: रेलवे स्टेशनों के ऐसे नाम की हंसी रोके न रुके
भारतीय रेलवे रोजाना लाखों की तादात में मुसाफिरों को उनकी मंजिल तक पहुंचाती है | मुसाफिरों का यह यात्रा कभी लंबी तो कभी छोटी दूरी तक की होती है | अपनी इसी सेवाभाव के कारण अंग्रेजों के जमाने से लेकर आज तक रेलवे देश की लाइफ लाइन बना हुआ है, लेकिन रोजाना पटरी पर दौड़ने वाली लोगों की ये लाइफ लाइन कभी-कभी हंसी के ब्रेक भी लगती है और वो भी सफर के दौरान रास्ते में पड़ने वाले रेलवे स्टेशनों के फनी नाम के कारण | आज हम आपको देश के कुछ ऐसे ही रेलवे स्टेशनों के बारे में बताएंगे, जिनके नाम सुनते ही आप हंसी से लोटपोट हो जाएंगे |
साली रेलवे स्टेशन राजस्थान के जोधपुर जिले में डूडू नामक स्थान पर बना हुआ है | यह रेलवे स्टेशन उत्तरी-पश्चिमी रेलवे से जुड़ा हुआ है | इस स्टेशन से अजमेर की दूरी करीब 53 किलोमीटर है |
साली रेलवे स्टेशन की तरह नाना रेलवे स्टेशन भी राजस्थान में स्थित है | यह रेलवे स्टेशन सूबे को सिरोही पिंडवारा नामक जगह पर बना हुआ है | यहां दो एक्सप्रेस ट्रेनें रुकती हैं | यहां से सबसे पास बड़ा रेलवे स्टेशन उदयपुर है |
इसी तरह मजेदार रेलवे स्टेशन के नामों की फेहरिश्त में अगला नाम भी राजस्थान से ही है | ओढनिया चाचा के नाम से बना यह रेलवे स्टेशन समुद्र तल से ऊंचाई 224 मीटर पर बना हुआ है |
दक्षिण भारत के तेलंगाना राज्य के भुवानागिरी जिले में भी एक ऐसा रेलवे स्टेशन है, जिसका नाम सुनकर लोगों के चेहरे पर मुस्कान बिखर जाती है | जी हां, उस स्टेशन का नाम बीबीनगर है | इस स्टेशन से ज्यादातर लोकल ट्रेनें चलती हैं, जो कि फलकनुमा रेलवे स्टेशन तक जाती हैं |
अगला रेलवे स्टेशन फिर राजस्थान से ही है | जिसका नाम सुनकर लोग आश्चर्य में पड़ जाते हैं | जी हां, जोधपुर में स्थित इस रेलवे स्टेशन का नाम बाप है | इस स्टेशन में दो एक्सप्रेस ट्रेनें रुकती हैं | ये उत्तरी—पश्चिमी क्षेत्र में पड़ता है |
भारत के एक और फनीऐस्ट रेलवे स्टेशन का नाम बिल्ली है | यह स्टेशन उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले में स्थित है | चोपन और रेनुकूट के बीच पड़ने वाले इस बिल्ली जंक्शन से, जो भी गुजरता है, वो अपनी हंसी नहीं रोक पाता है |

