गांधीनगर में किसके सिर सजेगा ताज?
बीजेपी के संस्थापक सदस्यों में रहे वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी इस सीट से सांसद बनते रहे हैं और 2014 में भी उन्होंने यहां से जीत दर्ज की थी | सामान्य वर्ग वाली इस सीट पर बीजेपी तीन दशकों से लगातार जीत रही है | 91 साल के हो चुके आडवाणी क्या 2019 में फिर से चुनावी समर में उतरेंगे, इसे लेकर भी सवाल है | गांधीनगर लोकसभा क्षेत्र की अधिकतर आबादी शहरी है | करीब 79 फीसदी लोग शहरों में बसते हैं, बाकी 21% ग्रामीण आबादी है |
अनुसूचित जाति (SC) की आबादी 11.41% और अनुसूचित जनजाति (ST) की आबादी 1.96% है | इस लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत गांधीनगर उत्तर, घाटलोडिया, साबरमती, कलोल, वेजलपुर, साणंद, नारणपुरा विधानसभा सीट आती हैं | लालकृष्ण आडवाणी के लोकसभा क्षेत्र में बीजेपी को विधानसभा की पांच सीटों पर जीत मिली, जबकि दो पर कांग्रेस ने बाजी मारी | लोकसभा में उपस्थिती की बात की जाए तो उनकी मौजूदगी 92% रही है | जबकि उन्होंने महज एक बार डिबेट में हिस्सा लिया है | सवालों के मामले में उनका प्रदर्शन बिल्कुल नगण्य रहा और उन्होंने अपने कार्यकाल में एक भी सवाल नहीं पूछा |



